ahtv desk5 मार्च 20201 मिनट पठनहोली आई रेहोली आई रेहोली आई रे होली आई रे सबके मन को भाई रे भाई रे।। राधा कृष्ण के संग होली खेलते थे गोपियों से कृष्ण गालियां झेलते थे।। होली में सबको प्यार...
ahtv desk5 मार्च 20201 मिनट पठननशे का कमाल - दायक राम शर्मानशे का कमाल नशे तूने यह क्या कर डाला हर जगह तेरा बोलबाला।। नशे का दीवाना सारा जहां बिना नशे का ढूंढूं अब कहां छोटा बड़ा सब नशे में चूर है...
-22 फ़र॰ 20201 मिनट पठनखुल कर जियो जिंदगी - दायक राम शर्मा दलीपखुल कर जियो जिंदगी खुल कर सब जियो जिंदगी ना दर्द लेकर जियो जिंदगी।। ना कोई कभी गम करो ना अपनी आंखें नम करो छोटी सी है सबकी जिंदगी अपनी...
GDP Singh4 फ़र॰ 20203 मिनट पठनप्रजा मंडल कार्यकर्ताओं पर किस तरह जुल्म किये राजा लक्षमण सेन ने - तुलसीराम गुप्ता प्रजामंडल सदस्यों को दिशा निर्देशः- राजा की वापसी के बाद प्रजामंडल के सदस्य और अधिक सक्रिय हो गए। पांगना में एक आवश्यक बैठक में सभी...
GDP Singh24 जन॰ 20204 मिनट पठन “रियासत सुकेत का शासन तंत्र” - तुलसी राम गुप्ता भारत आपसी फूट के कारण ही परतन्त्र होता रहा है। मुगलों के बाद अंग्रेजों ने इसका भरपूर लाभ उठाया। अंग्रेज व्यापार करने आए और शासक बन गए।...
GDP Singh19 जन॰ 20203 मिनट पठनसरकार आयुर्वेदिक डाक्टर नहीं भेज सकती तो स्वास्थ्य केंद्र को ताला लगा दोडेढ़ साल से डाक्टर की बाट जोह रहा है प्रेसी आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केंद्र, दुर्गम इलाकों की 6000 हजार आबादी हो रही है प्रभावित सप्ताह में...
GDP Singh18 जन॰ 20206 मिनट पठनस्वतंत्रता संग्राम में करसोग का योगदान - मास्टर तुलसीराम गुप्ता की कलम से...आत्म परिचय स्वर्गीय श्री दिलाराम महाजन स्वतंत्रता सेनानी, करसोग, संस्मरण पर आधारित लेख - ‘उन्हीं की जबानी’ लेखक – मास्टर तुलसी राम...
ahtv desk18 जन॰ 20203 मिनट पठनहिमाचल प्रदेश में भी उठी थी गदर की गूंजगदर की गूंज[1] वारली धारा, पारली धारा गूंजो गदरा री आवाज, विदेशी हुकूमत खत्म करीके ल्यावणा पंचायती राज विभिन्न रियासतों में हो रहे यह...
ahtv desk12 जन॰ 20202 मिनट पठनपारंपरिक रूप से बच्चे गीत गा गा कर बाजर से मांग रहे हैं पारंपरिक रूप से बच्चे गीत गा गा कर बाजर से मांग रहे हैं लोहड़ी लुप्त होती लोहड़ी गायन की पंरपरा को बचाने की जरूरत है प्राचीन सुकेत रियासत...
ahtv desk19 नव॰ 20191 मिनट पठनahtv himachal on youtubeअलर्ट हिमाचल अलर्ट हिमाचल, हिमाचल की लोक संस्कृति, देव संस्कृति, राजनीति, इतिहास, समाचार, पर्यावरण, साहित्य, शिक्षा, स्वास्थ्य, स्थानीय...
ahtv desk18 नव॰ 20198 मिनट पठनढाईयां घड़ियां दे प्योकिये । (अढाई घड़ी का मायका ) - अनुवाद दुर्गेश नंदनहिमाचल प्रदेश के साथ-साथ देश के अन्य भागों में भी आज से पंच भीषम के व्रत , मेले शुरु हुये । गांव-गांव घरों, मंदिरों में पूजा का मडंप...
ahtv desk18 नव॰ 20192 मिनट पठनपढ़ खुद को - दुर्गेश नंदनटन-टन, टन-टन बजती घंटी धप-धप,धप-धप बजता ढोल जय-जयकार का होता उद्घघोष उन्हें उन्मादी बनाता है और वे दुगुने जोश के साथ घसीटने -दौड़ाने लगते...
ahtv desk18 नव॰ 201914 मिनट पठनसोनकेसी – पहाड़ी लोक कथाएक बार एक साहुकार था। उसके चार पुत्र थे ।चार में से बड़े तीन पुश्तैनी धन्धे के साथ अपना-अपना काम धन्धा भी करते थे पर सबसे छोटा बेटा कोई...